India

मुस्लिम डिलिवरी ब्वॉय से ऑर्डर ना लेने वाले को लोगों ने सोशल मीडिया पर सुनाई खरी-खरी


Updated On: 2019-07-31 06:50:24 मुस्लिम डिलिवरी ब्वॉय से ऑर्डर ना लेने वाले को लोगों ने सोशल मीडिया पर सुनाई खरी-खरी

देश में जाति और धर्म के नाम पर फैलाई जा रही कट्टरता इंसानों के बीच नफरत की दीवारें खड़ी कर रही है। कुछ इसी तरह देखने को मिली जमैटो की फूड डिलिवरी के दौरान। खबरों के मुताबिक, ऑनलाइन फूड सर्विस ऐप जमैटो ने मुस्लिम डिलिवरी ब्वॉय को खाना डिलिवर करने के लिए कहा तो ग्राहक ने ऑर्डर रद कर दिया। ग्राहक का नाम पंडित अमित शुक्ल है, जो कि ट्विटर पर खुद को राष्ट्रवादी बताता है।

दरअसल, ञ्चहृड्डरूश_स््रक्र्य्र्रक्र के ट्विटर आईडी वाले पंडित अमित शुक्ल ने 30 जुलाई को एक ट्वीट किया। उसने लिखा कि अभी-अभी जमैटो पर एक ऑर्डर रद कर दिया, क्योंकि वे एक गैर-हिंदू राइडर को खाना पहुंचाने मेरे पास भेज रहे थे। पंडित अमित शुक्ल ने कहा कि वे राइडर चेंज नहीं कर सकते और ऑर्डर रद करने पर रिफंड भी नहीं करेंगे। मैंने कहा कि आप मुझे डिलिवरी लेने के लिए मजबूर नहीं कर सकते। मैं रिफंड नहीं चाहता हूं, बस रद कर दीजिए।

अमित शुक्ल ने मुस्लिम डिलिवरी ब्वॉय को लेकर आपत्ति जताई और ऑर्डर रद कर दिया। बाद में उसने जमैटो ऐप अनइंस्टॉल कर दी और पूरे मामले की जानकारी ट्विटर पर दी।

इस पर जमैटो ने भी ग्राहक को करारा जवाब दिया। जमैटो ने ट्विटर पर लिखा-खाने का धर्म नहीं होता, भोजन अपने आप में एक धर्म है। बाद में इस ऑनलाइन फूड डिलिवरी ऐप के मालिक दीपिंदर गोयल ने कहा कि अगर ऐसे ग्राहक हमें छोडक़र जाते हैं तो जाएं। 

सोशल मीडिया पर भी पंडित अमित शुक्ल के कदम की जमकर आलोचना हो रही है। हालांकि कुछ लोग अमित का समर्थन भी कर रहे हैं।

पंडित अमित शुक्ल के ट्वीट पर रीट्वीट करते हुए रिया लिखती हैं, अगर मुस्लिम डिलिवरी ब्वॉय से फूड लेना पसंद नहीं तो उस पेट्रोल का इस्तेमाल करना भी बंद कर दो, जो कि मुस्लिम देशों से आता है।

विजय सोनी लिखते हैं-इतना दिमागी जहर, आपको बीमार, बहुत बीमार कहलाने के लिए काफी है, ताज्जुब उन पर भी है, जिन्हें यह बीमारी पसंद आ रही है।

सोनिया भाटिया कहती हैं-भाई, हिंदू-मुस्लिम से पहले हम सब इंसान हैं। इंसानियत की कद्र करो।

अभिषेक शुक्ला कहते हैं-हर व्यक्ति को स्वतंत्रता है कि वो अपने लिए खाना किसी से भी मंगवाए।

मोहिनी भदौरिया लिखती हैं-आप जैसे लोगों की वजह से आज हिंदू और मुस्लिम एक नहीं हो पा रहे हैं।

Comments

Leave a Reply


Advertisement